बता दें कि इसके पहले पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो पर भी इसी तरह के आरोपों में केस दर्ज हुए हैं। पाकिस्तान में तो इस मसले पर लंबे समय से बवाल चल रहा है। इमरान खान पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है।

पाकिस्तान और ब्राजील के बाद अब अमेरिका में भी विदेशी गिफ्ट्स को लेकर सियासत गर्म होने लगी है। इस बार आरोप अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर लगा है। आरोप है कि पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रेजरी डिपार्टमेंट को दूसरे देशों से मिले तीन लाख डॉलर यानी करीब 2.47 करोड़ रुपए की कीमत वाले तोहफों की जानकारी नहीं दी। इसमें कुल 117 गिफ्ट्स हैं। इन गिफ्ट्स में 17 ऐसे हैं, जिसे भारत की तरफ से ट्रंप और उनके परिवार के सदस्यों को दिया गया था।

बता दें कि इसके पहले पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो पर भी इसी तरह के आरोपों में केस दर्ज हुए हैं। पाकिस्तान में तो इस मसले पर लंबे समय से बवाल चल रहा है। इमरान खान पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है।

डेमोक्रेटिक पार्टी ने लगाए हैं आरोप 
अमेरिका की सत्ताधारी डेमोक्रेटिक पार्टी ने इस मामले में डोनाल्ड ट्रंप पर आरोप लगाए हैं। डेमोक्रेटिक पार्टी ने मामले की जांच की मांग की है। इसके लिए एक ओवरसाइट कमेटी बनाई गई थी। जांच में इसने पाया कि ट्रंप और उनके परिवार के सदस्यों ने कुल 117 विदेशी तोहफों की जानकारी छिपाई है। इनकी कीमत करीब तीन लाख डॉलर यानी 2.47 करोड़ रुपए बताई जा रही है।
भारत से ट्रंप को क्या-क्या मिला? 
अमेरिकन मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, जिन 117 तोहफों की जानकारी ट्रंप और उनके परिवार के सदस्यों ने नहीं दी, उनमें से 17 गिफ्टस भारत की तरफ से दिए गए थे। इनकी कीमत करीब 50 हजार डॉलर यानी करीब 41 लाख रुपये है। इनमें 8500 डॉलर का एक फूलदान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भेंट किया था। इसके अलावा 4,600 डॉलर का ताजमहल मॉडल और 6,600 डॉलर का इंडियन रग तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने ट्रंप और उनके परिवार को भेंट किया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1900 डॉलर का कफलिंक्स भेंट किया था।कफलिंक्स का सेट प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रंप को 2021 में दिया था। ताज महल का मॉडल पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने गिफ्ट किया था। मोदी ने 2019 में एक ब्लैक मार्बल का टेबल भी ट्रंप को भेंट किया था। इसके अलावा इवांका ट्रंप को 2021 में एक गोल्ड ब्रेसलेट गिफ्ट किया गया। ट्रंप की पत्नी मेलानिया को 2021 में एक ब्रेसलेट भारत से मिला था।

और क्या आरोप लगे हैं?
अमेरिकन मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप और उनके परिवार के सदस्यों को जापान और सऊदी अरब से भी बेशकीमती तोहफ मिले थे। इनकी कीमत करीब दो लाख 50 हजार डॉलर है। ये तोहफे भी ट्रेजरी में नहीं जमा कराए गए हैं। इनमें एक बेशकीमती पेंटिंग भी शामिल है।बताया जाता है कि इस मामले में ट्रंप के खिलाफ केस दर्ज किया जा सकता है। इसकी वजह यह है कि अमेरिका समेत ज्यादातर देशों में यह कानून है कि स्टेट हेड्स या अफसरों को दूसरे देशों से मिले तोहफे नियमों के मुताबिक, दर्ज कराने होते हैं। ये तोहफे व्यक्तिगत न होकर वास्तव में स्टेट या नेशनल प्रॉपर्टी के दायरे में आते हैं। अमेरिका में अगले साल राष्ट्रपति चुनाव भी होने हैं। ट्रंप ने फिर से चुनाव लड़ने का एलान भी कर दिया है। ऐसे में ये कहा जा रहा है कि ये मुद्दा अभी और अमेरिका की सियासत में हावी होने वाला है।